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 Story - Breakup story in hindi  ब्रेकअप का नाम सुनकर सभी सच्चा प्यार करने वालो कि रूह कांप उठती है । परंतु पता नहीं क्यों प्यार भारी इस दुनिया में भगवान ने ब्रेकअप नाम की चीज बना दी । आप यकीन नहीं  मानेंगे कि कभी कभी किसी इंसान के लिए ब्रेकअप के सदमे से बाहर निकलना कितना मुश्किल होता है । ओर यदि वह कोई लड़का हो तो स्थिति ओर भी बिगड़ जाती है । मै खुद एक लड़का हूं ओर मुझे पता है कि ब्रेकअप से बाहर निकलना हम लड़को के लिए कितना मुश्किल होता है । मै नहीं जानता कि  सभी लड़को के लिए होता है या नहीं परंतु मेरे लिए ब्रेकअप से बाहर निकलना बहुत ही मुश्किल हो गया था । आखिर मेरे प्यार आठ साल पुराना था , तो आप सोच ही सकते हो कि केसे मै इस गम से उभर पाया हूं।  The Breakup Dairy - breakup story in hindi  मेरे प्यार की कहानी की कहानी को आठ साल हो चुके थे , हम दोनों ने बहुत सारे सपने बुन लिए थे कि हम दोनों जिंदगी भर एक दूसरे के साथ रहेंगे ओर अब हमारी शादी का प्लान था । परंतु यह ब्रेकअप नाम का साया मेरे रिलेशनशिप को ले डूबा । मैने कभी ब्रेकअप के बारे में नहीं सोचा था ओर ना ही कभी सोचूंगा ओर अब

Story : मेरे प्यार के दो लब्ज : love story

Story : दो लब्जो की कहानी 





Love story

यह   बात है उन दिनों की जब में स्कूल में पढ़ता था , उस समय मे भी pyar ki ek kahani हुया  करती थी
मेरा पहला प्यार और शायद आखरी भी । अभी तक के लिए ।

मेरा प्यार मुझे 8th में मिला था । जबकि वह मेरे साथ 3 साल से थी ।
हर  pyar ki ek  kahani  की शुरुवात  लड़ाई झगड़े से होती है । में यह सब टेलिविजन में देखा था । पर अब मुझे लगता है कि यह बात सच भी है ।

मेरे प्यार की शुरुवात भी लड़ाई से हुई थी । वह हमारी क्लास की मॉनिटर हुया करती थी ।
सभी अपना दबदबा बनाना चाहते है इसी लिए वह भी बहाना बना कर मुझे मरती , शायद मुझे ही नही सभी को ।
 पर बस हम इसी बात पर दुश्मन थे ।

एक छोटी छोटी बात पर में उसे  टिचर से  पिटवाने के रास्ते देखता  , जिससे मेरा दर्द दूर हो सके ।
यह बात उस समय की है जब उसे मेरे साथ सिर्फ एक साल हुआ था ।

Love story : my life story

एक ही क्लास में पढ़ने के कारण हमारी  कब दोस्ती हो गई यह पता ही नही चला ।
पर मुझे यह जरूर पता है कि दोस्ती की शुक्रवार मेने ही कि थी ।
अब में  आपको बताता हूँ कि कैसे मेने अपनी दोस्ती की शुरआत की  ?
  
मुझे याद है उस दिन वह जब क्लास में आई तो में एक टेवल मे बैठा था  बाकी क्लास में कोई नही था । और मैने ही शुरवात करने के लिए उसे hello बोला ।
उसका नाम है :- सोनल 😊
वह जितनी बुरी मुझे लगती थी उतनी ही भी नही मेरा पहला दिन था जब मैने उसे हेलो कहा इर हाथ मिलाया  ।


शायद हमारी दोस्ती हो ही गई थी । उस दिन के बाद सोनल ने कभी मेरे साथ हाथ पाई नही की  ।
ओर इ अब रोज क्लास के आकर उसके साथ hello करता , उससे बाते करता था ।  अब उससे बाते करना अच्छा भी लगता था , में उसका स्कूल का काम भी लड़ देता था ।

अब मुझे सिर्फ स्कूल जाने का बहाना चाहिए मेरी बहुत कम अपसेन्ट हुआ करती थी ।
अब बारी थी उसे प्यार का इज़हार करने की ।
पर कभी में उसे डायरेक्ट प्रपोस नही कर सका ।
सभी को पता है कि प्रपोस करना कितना कठिन होता है 
प्रपोस करते हुए डर लगता है कि कहीं वह नाराज न हो जाये ,  मुझसे लड़ाई न कर रहे , दोस्ती तोड़ देगी तो क्या होगा ।
इसी लिए उसे प्रपोस नही किया ।

उसकी एक बहन भी थी चाचा की बेटी ।
उसे भी हमारे दोस्ती के बारे में पता था ।
वैसे तो उसे पता नही चलता , किसी को भी पता नही चलता , 

पर एक दिन सोनल की स्वास्थ्य खराब था , इसी लिए में उसके साथ अकेले अस्पताल गया । और मुझे उसके साथ जाते हुए कई लोगो ने देख लिया था । इसी वजह से सभी को पता चल गया ।

एक दिन सोनल की बहन मेरे  पास आई और बोली क्या बात है सोनल के साथ बहुत घूमता है , उसे पसंद करता है ना , मेने भी फिर हाँ बोल दिया ।
 पर मैने उससे यह नही पूछा कि वह क्यो पूछ रही है ।

फिर बाद में सोनल आयी और मुझे बोलो की तूने मेरी बहन को क्या कहा मेने बोला कि वह पूछ रही थी मेने हा बोल दिया , 
इतने में में हसने लगा ।

सोनल इर उसकी बहन में शर्त लगी थी कि में  सोनल को पसंद करता हूँ ।

अब तक सोनाल ने मुझे नही कहा कि वह भी मुझे पसंद करती है   
 अब हमारी 10th के बोर्ड चल रहै थे स्कूल बहुत दूर था , ओर हम वहां पेपर देने साथ मे जाते थे ।

तो जब हम वापिश आ रहे थे तो उसने एक पेड़ से  फूल तोड़ा , ओर मुझे  i love you बोला ।
मेने सोचा कि यह मजाक कर रही है और मैने कहा कि  , चल चल अब घर चल ।
ओर हसने लग गया , वह मेरी सबसे बड़ी गलती थी , सोनल बिल्कुल सिरियस होकर बात कर रही थी ।


ओर वह अकेले में बोलना चाहती थी इसी लिए उस समय बोला , ओर में मजाक समाझ कर चला गया ।

अब दोबारा मेने तो उसे कभी प्रपोस नही किया , हम पढ़ाई करने गावँ से बाहर चले गए ।
करीब 2 साल बाद में उससे मिला और मैने उसे  अपना मोबाइल नंबर दिया , ओर हमने बाते की , ओर मेने उसे फिर अच्छा समय देख कर बोल दिया , की सोनल में तुम्ह बहुत पसंद करता हूँ ।
वह हँसने लग गई और बोली जब तुझे प्रपोस किया था तो तू कहा गया था । मेने कहा कि मुझे माजक लग रहा था ।


अब वह बोली कि में तू तुझे पसंद करती हूं । में बहुत खुश था ।
क्योकि वह भी मुझे प्यार करती थी
अब प्यार में हमे 4 साल हो गए है हमारे बीच मे लड़ाई भी होती है पर हम अभी तक अलग  नही गये ।

अब हम दोनों आपस मे शादी करना चाहते है , परन्तु मेरी जॉब उसके ओर मेरे बीच  में आ रही है ।

 सोनल के पिताजी चाहते है कि उसकी शादी सरकारी नोकरी  वाले किसी लड़के से की जाए , ओर मेरी सरकारी जॉब नही है परन्तु मैं अपना बिजनेस करता हूँ और   खुश हूं ।

परंतु सोनल के पिताजी को कोन समझाए ।
 अब हमने अपने रिश्ते को समय पर ओर किस्मत पर छोड़ दिया है ।
वही होगा जिसमें भगवान की मर्जी होगी ।
ओर अभी तक हमारी प्यार की कहानी अधूरी कहानी बन गई है ।

मुझे उम्मीद है कि आपको कहानी पसंद आई होगी ।
कहानी को अधिक से अधिक शेअर करे ।
में इस कहानी का अंत भी जरूर लिखूंगा । हमारे साथ बने रहे ।
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